Tere hijran ch haal behaal jeha lagda e
Hun ta ikk din vi sanu ikk saal jeha lagda e..!!
ਤੇਰੇ ਹਿਜਰਾਂ ‘ਚ ਹਾਲ ਬੇਹਾਲ ਜਿਹਾ ਲੱਗਦਾ ਏ
ਹੁਣ ਤਾਂ ਇੱਕ ਦਿਨ ਵੀ ਸਾਨੂੰ ਇੱਕ ਸਾਲ ਜਿਹਾ ਲੱਗਦਾ ਏ..!!
Tere hijran ch haal behaal jeha lagda e
Hun ta ikk din vi sanu ikk saal jeha lagda e..!!
ਤੇਰੇ ਹਿਜਰਾਂ ‘ਚ ਹਾਲ ਬੇਹਾਲ ਜਿਹਾ ਲੱਗਦਾ ਏ
ਹੁਣ ਤਾਂ ਇੱਕ ਦਿਨ ਵੀ ਸਾਨੂੰ ਇੱਕ ਸਾਲ ਜਿਹਾ ਲੱਗਦਾ ਏ..!!
यह अधूरा इश्क कब पूरा होगा
होगा भी जा अधूरा रहेगा
ना तुम आए ना पैगाम आया
तुम्हरे पैगाम का कब तक
इंतजार रहेगा
कौन सी जगह है वोह
जहा पर वोह सो गया
ना जाने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया
हम गलियों मै देख आए
ना गलियों मै वोह मिला
हम बात उसकी कर रहे
हमें छोड़ कर जो गया
नाजने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया
हम पहचान बताते हैं उसकी
सफेद रंग और काले घने बाल है।
कहां रहते हैं वोह कोनसे गांव और शहर में
एकेले थे जा कोई नाल है।
काले रंग की पेंट और कमीज़ पहनते है।
एक हाथ मै डायरी और एक हाथ
मे कलम पकड़ कर रखते हैं।
उनकी चाहत सबसे ज्यादा डायरी से
और वोह डायरी को
सिने से जकड़ कर रखते है।
उनका नाम है हर्ष
जो शायरी करते थे
अब तो नाम उनका गुमनाम सा हो गया
ना जाने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया।
दूरी हमारे प्यार की काबिलियत थोड़ी बया करेगी
बयां करेगी हमारी तड़प एक दूसरे
से इतना दूर रहने के बाद भी
बहुत ही तकदीर से मिला है तू
इतनी आसानी से नहीं जाने दूंगी
भले ही मिलो दूर रहेंगे
लेकिन एक दूसरे से मिलकर रहेंगे
थोड़ा हँसेंगे थोड़ा रोयेंगे लड़ेंगे झगड़ेंगे
लेकिन एक दूसरे से दूर कभी नहीं होएंगे
दूरिया अक्सर गलत फेमिया बना देती ही दो दिलो में
वो गलत फेमिया अक्सर लड़ाई का रूप ले लेती है
पर लड़ाई कहाँ नहीं होती किस रिस्ते में नहीं होती
सब जगह होती है और उन लड़ाईयों को
सुलझाया जाता हैन उलझाया नहीं
ये सफर आसान नहीं लेकिन मंजिल खूबसूरत है।
और जो चल पड़े हैं संग हर मंजिल को पा लेना है
सुनो वादा करो की मंजिल आने से पहले रुख नहीं मोड़ोगे
इस चेहरे की मुस्कान की वजह तुम हो ,
जिंदगी को खुशहाल बनाने की वजह तुम हो
तुम्हे अंदाज़ा भी नहीं की तुम अगर पीछे हटे
तो क्या लेकर हटोगे अपने जिस्म के अलावा
जब दो दिल जुड़ते हैं तो बहुत कुछ जुड़ जाता है
सिर्फ दिल ही नहीं मैं यही हु और हमेशा रहूँगा
बस तुम साथ निभाना। ….