
Dhur andar gam hazar rakhiye..!!
Dil vich gehriyan udaasiyan luko ke
Chehre te haase barkrar rakhiye..!!

Kuch Adhure se khwab yun hi adhure hai aaj
mukkamal se hum kahi na kahi adhure hai aaj
dekh aayna sochte he aaj kya un tute khwab ki tarah hum bhi adhure hai aaj💔
कुछ अधूरे से ख्वाब यूँ ही अधूरे है आज
मुकम्मल से कहीं न कहीं अधूरे हैं आज
देख आईना सोचते हैं आज क्या उन टूटे ख्वाब की तरह हम भी अधूरे हैं आज💔
बेवक्त बेवजह तुझसे बात करना सुकून लाता है
मेरे लड़खड़ाते अल्फ़ाज़ों मे एक जूनून लाता है
मैं रूठ जाऊ जमाने से कोई गीला नहीं
फिर मासूमियत भरा तेरा हाल पूछना याद आता है ,
कभी बिखरू तो आके समेट लेना मुझे
तुम जो रूठे मुझसे तो मुझे सीधा शमशान याद आता है ।