है इश्क तो फिर असर भी होगा,
जितना है इधर उधर भी होगा ।
मिल नहीं पाता तो क्या हुआ,
मोहब्बत तो तुमसे फिर भी बेहिसाब करता हूं ।
Enjoy Every Movement of life!
है इश्क तो फिर असर भी होगा,
जितना है इधर उधर भी होगा ।
मिल नहीं पाता तो क्या हुआ,
मोहब्बत तो तुमसे फिर भी बेहिसाब करता हूं ।
Sara shehar likh diya ik kagaz mein,
Jise padhta gaya use mitata gya,
Aks mila bhi to khali maikhane mein,
Khudko pdhta gya khudko pilata gaya…
सारा शहर लिख दिया इक काग़ज़ में,
जिसे पढ़ता गया उसे मिटाता गया,
अक्स मिला भी तो खाली मयखाने में,
खुदको पढ़ता गया खुदको पिलाता गया….
