है इश्क तो फिर असर भी होगा,
जितना है इधर उधर भी होगा ।
मिल नहीं पाता तो क्या हुआ,
मोहब्बत तो तुमसे फिर भी बेहिसाब करता हूं ।
है इश्क तो फिर असर भी होगा,
जितना है इधर उधर भी होगा ।
मिल नहीं पाता तो क्या हुआ,
मोहब्बत तो तुमसे फिर भी बेहिसाब करता हूं ।
Akhan bhariyan naal jazbatan c || sad shayari || alone shayari
Akhan bhariya naal jazbatan c
Mera rabb Mere kol c …Kya Bataan c
Ki din c oh te ki raataan c
Jdon sajjna naal hundiyan mulakatan c
ਅੱਖਾਂ ਭਰੀਆਂ ਨਾਲ ਜਜ਼ਬਾਤਾਂ ਸੀ
ਮੇਰਾ ਰੱਬ ਮੇਰੇ ਕੋਲ ਸੀ ਕਿਆ ਬਾਤਾਂ ਸੀ
ਕੀ ਦਿਨ ਸੀ ਉਹ ਤੇ ਕੀ ਰਾਤਾਂ ਸੀ
ਜਦੋਂ ਸੱਜਣਾ ਨਾਲ ਹੁੰਦੀਆਂ ਮੁਲਾਕਾਤਾਂ ਸੀ..!!
“हंसी में छिपे खामोशियों को महसूस किया है I
मैखाने में बुजुर्गों को भी जवान होते देखा है I
हमने इन्शानो को जरुरत के बाद अनजान होते देखा है I
क्यों भूल जाते है इंसान अपनी अस्तित्व पैसा आते ही I
दुनियां ने बड़े – बड़े राज महराजा को फ़क़ीर होते देखा है I”