हम आए थे इस रोज
जब तेरा निकाह था
तूने देखा नही शायद
में वही खड़ा था
पूछता तुझसे से मगर तू तो खुश थी
और वो आखरी दिन था जब मैं हसा था
Enjoy Every Movement of life!
हम आए थे इस रोज
जब तेरा निकाह था
तूने देखा नही शायद
में वही खड़ा था
पूछता तुझसे से मगर तू तो खुश थी
और वो आखरी दिन था जब मैं हसा था
ये चांद ये रात वो तारे
सब तो है मेरे पास
और क्या चाहिए तुझे
कुछ बाते कुछ किस्से और मुलाकात
सब तो है मेरे पास
और क्या चाहिए तुझे
हसना रोना और मुस्कुराना
तेरे बाद दिल को बहलाना
वो कागज वो अल्फाज और तेरी याद
सब तो है मेरे पास
और क्या चाहिए…..
Think big, act more and achieve….🍁