hamaaree tadap to kuchh bhee nahin hai hujur,
suna hai ki aapake didaar ke lie to aaina bhee tarasata hai…
हमारी तडप तो कुछ भी नहीं है हुजुर,
सुना है कि आपके दिदार के लिए तो आइना भी तरसता है…
hamaaree tadap to kuchh bhee nahin hai hujur,
suna hai ki aapake didaar ke lie to aaina bhee tarasata hai…
हमारी तडप तो कुछ भी नहीं है हुजुर,
सुना है कि आपके दिदार के लिए तो आइना भी तरसता है…
बिछड़ के मुझसे, इन गलियों में कितनी दूर जाओगे...
परवानों की बस्ती है, जहां जाओगे मुझे हर जगह पाओगे...
गुज़रा पल, मीठी बातें और वो हसीन शामें सब बुलाते हैं तुम्हे...
इक झूठ ही सही बस कहदो के तुम कल आओगे,
इंतज़ार करना पसंद नहीं पर, मेरी नज़रें राहों पर टिकी हैं...
पता है मुझे रास्ता बदल गया तुम्हारा लेकिन, दिलासा दिए बैठा हूं के तुम कल आओगे...
Ham samjhte the diwaali ko chaand nahi nikalta
unko dekha toh hamari galat-fehmi door ho gai
ਹਮ ਸਮਝਤੇ ਥੇ ਦਿਵਾਲੀ ਕੋ ਚਾਦ ਨਹੀਂ ਨਿਕਲਤਾ
ਉਨਕੋ ਦੇਖ਼ਾ ਤੋ ਹਮਾਰੀ ਗਲਤਫਹਿਮੀ ਦੂਰ ਹੋ ਗਈ