
tum ho to zindagi me dard kam hai
bin aapke kaise jionga yaaro
aapki gair-mazoodgi mujhpe jaise sitam hai

अपने चेहरे से जो ज़ाहिर है छुपायें कैसे अपने चेहरे से जो ज़ाहिर है छुपायें कैसे तेरी मर्जी के मुताबिक नज़र आयें कैसे घर सजाने का तसव्वुर तो बहुत बाद का है पहले ये तय हो की इस घर को बचाएं कैसे क़हक़हा आँख का बर्ताव बदल देता है हंसने वाले तुझे आंसू नज़र आयें कैसे कोई अपनी ही नज़र से तो हमें देखेगा एक कतरे को समंदर नज़र आयें कैसे लाख तलवरे झुकी अती हो गरदन की तरफ सर झुकाना नहीं आता तो झुकाएं कैसे
Eh dollara di bhukh nhi maa,
Khwahish tere naal Bethan di aa❤️
ਇਹ ਡਾਲਰਾਂ ਦੀ ਭੁਖ ਨਹੀਂ ਮਾਂ,
ਖੁਆਇਸ਼ ਤੇਰੇ ਨਾਲ ਬੈਠਣ ਦੀ ਆ❤️