इंतजार मैंने कभी उसका किया नहीं, वो ही थी जो करती थी.. मैं डरता था दुनिया से, वो एक ही मुझसे डरती थी.. ऐसा नहीं के खौफ में थी, बस प्यार वो मुझसे करती थी.. वो एक ही थी, वो एक ही है, जो मेरे लिए बस मरती थी..
इंतजार मैंने कभी उसका किया नहीं, वो ही थी जो करती थी.. मैं डरता था दुनिया से, वो एक ही मुझसे डरती थी.. ऐसा नहीं के खौफ में थी, बस प्यार वो मुझसे करती थी.. वो एक ही थी, वो एक ही है, जो मेरे लिए बस मरती थी..
तेरी हंसी मुरझाऐ फुलों को भी फिर से खिला दे,
जब झपकाऐ तु पलकें तो ,सुरज को भी ग्रहण लगा दे,
चाल तेरी ऐसी जैसे लहराती हो पीपल की डाल कोई,
और जब खुली हों तेरी जुल्फें तो काली घटा झा जाऐ!
बोल तेरे ऐसे जैसे जलेबी से चासनी टपक जाऐ,
क्या लिखुं तेरी खुबसुरती को तु है गणित का सवाल कोई!
tere pind nu jande raawa de puchh lai parchhaweyaa ton
tu ajh v chete ae bhuli ni joban nu
tere haase taa bhul sakda hanju nahi bhulne
ਤੇਰੇ ਪਿੰਡ ਨੂੰ ਜਾਂਦੇ ਰਾਵਾਂ ਦੇ ਪੁੱਛ ਲੲੀ ਪਰਛਾਵਿਆਂ ਤੋਂ
ਤੂੰ ਅੱਜ ਵੀ ਚੇਤੇ ਐ ਭੁੱਲੀ ਨੀ ‘ਜੋਬਨ’ ਨੂੰ
ਤੇਰੇ ਹਾਸੇ ਤਾਂ ਭੁੱਲ ਸਕਦਾ ਹੰਝੂ ਨੲੀ ਭੁੱਲਣੇ