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Jismani Era ਜਿਸਮਾਨੀ ਜੁਗ || dhoka punjabi shayari

Ehh jismani jug (era) chh
Bhuta moh naa payin dilla.
Jae matlb layi
Jive ga te paar lung ju.
Par jae dil ton nibhave ga
daga (dhokha) he khanvega. 

ਰੋਹਿਤ…✍🏻

Title: Jismani Era ਜਿਸਮਾਨੀ ਜੁਗ || dhoka punjabi shayari

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


kisi ne asha kisi ne bura bataya || hindi kavita

किसी ने अच्छा,किसी ने बुरा बताया है

मेरे बारे जिसने जो सुना,वही सुनाया है

हम दोनो के दिन पर,टंगी है एक तख्ती

उसने सावधान, हमने खतरा लगाया है

हम जब जब बढ़े हैं,तो गिराया है उसने

वो जब जब गिरा, हमने हाथ बढ़ाया है

भैरव,मेरा कोहिनूर,ये पूछ रहा है हमसे

अरे क्यूं नाम के आगे,फ़कीर लगाया है

Title: kisi ne asha kisi ne bura bataya || hindi kavita


Zindagi ki ladaai || true story of life

कॉलेज तक हम पर ना पढ़ाई की जिम्मेदारी रहती है ,
और उसके बाद घर की जिम्मेदारी आ जाती है ।
अपने सपनो को रख कर एक तरफ ,
अपनो के सपनो को पूरा करने की जिम्मेदारी आती है ।

क्या करे कोई अगर लाखो की भीड़ में एक शख्स अच्छा लगे ,
तो उसे भी ठुकराना पड़ता है ।
प्यार व्यार सब अच्छा नही यही बताकर दिल को अपने मनाना पड़ता है ,
कभी पढ़ाई की तो कभी घर की जिम्मेदारी से दिल उदास भी हो तो 
सामने रह कर सबके चेहरे से तो मुस्कुराना पड़ता है ।

हर किसी को परेशानी अपनी खुद ही पता होती है ,
वरना दूसरो को खुश चेहरा ही दिखता है ।
खुद के अलावा किसी को क्या पता की कोन रोज यहां 
कितनी मुश्किलों में उलझता सा है ,

छोटा मोटा काम करके घर का खर्चा निकालना होता है ।
कभी कभी नौबत ऐसी आती है की दस या पंद्रह हजार में ,
महीना सारा संभालना पड़ता है । 
यहां से वहा से ले लेकर बच्चो की ख्वाईशे भी पूरी करनी पड़ती है ,
कोई साथ नही देता यार यहां जिंदगी की ये लड़ाई खुद ही लड़नी पड़ती है ।

Title: Zindagi ki ladaai || true story of life