
Jithe vassdi ishq bahar howe..!!
Bhulle hon eh duniya de rang tamashe
Nass nass ch vasseya yaar howe..!!

कई मुलाक़ातों के बाद आख़िर, ये मुलाक़ात आई है..
आएगी फिर से सुकून भरी नींद, फिर वो रात आई है..
हम सोऐ नहीं ना जाने कब से, आराम अधूरा है..
मेरी राहत की साँसें वो देखो मेरी जान, अपना साथ लाई है..
तू क्यूं उसे इस क़दर तांक रहा है,
हां वही फकीर, जो वहां नाच रहा है…
मुस्कुरा रहा है तू उसकी फटी कमीज़ देखकर,
देख, वो भी हंस रहा है तेरी तमीज़ देखकर…
सोच मत, के उसकी किस्मत तुझसे हारी है,
उसकी खाली जेब तेरे पैसों से ज्यादा भारी है…
वो तो हर घर दुआएं बांटता है,
जैसे हर दर खुदाए बांटता है…
मखमल का बिछौना तुझे रास नहीं आता,
देख, वो घास में सोने से बाज़ नहीं आता…
छुपाता है तू असलियत झूठी मुस्कान के पीछे,
कितना सुकून है उसकी हर मुस्कान के पीछे…