लबों से जुदा रहती है आजकल, हंसी मेरी कहीं खो सी गई है..
नजरें ना जाने ढूंढ रहीं, लगे जैसे किसी की हो सी गई है..
दिल में हल-चल बरकरार है, धड़कन जैसी सो सी गई है..
एकतरफा ये जाने कैसा प्यार है? लगे गलती मुझसे हो सी गई है..
Enjoy Every Movement of life!
लबों से जुदा रहती है आजकल, हंसी मेरी कहीं खो सी गई है..
नजरें ना जाने ढूंढ रहीं, लगे जैसे किसी की हो सी गई है..
दिल में हल-चल बरकरार है, धड़कन जैसी सो सी गई है..
एकतरफा ये जाने कैसा प्यार है? लगे गलती मुझसे हो सी गई है..

Yaad vo aaya hai barsaat ki trah,
Baat karne mein chehkta tha jo koyal ki trah..
याद वो आया है बरसात में बादल की तरह,
बात करने में चहकता था जो कोयल की तरह।