काश बनाने वाले ने दिल कांच के बनाये होते,
तोड़ने वाले के हाथ में ज़ख्म तो आये होते…
kaash banaane vaale ne dil kaanch ke banaaye hote,
todane vaale ke haath mein zakhm to aaye hote…
काश बनाने वाले ने दिल कांच के बनाये होते,
तोड़ने वाले के हाथ में ज़ख्म तो आये होते…
kaash banaane vaale ne dil kaanch ke banaaye hote,
todane vaale ke haath mein zakhm to aaye hote…
Vo bichad ke humse ye dooriyan kar gyi,
Na jane kyu ye mohobbat adhuri kar gyi,
Ab humein tanhayian chubti hai to kya hua,
Kam se kam uski sari tammanayein to poori ho gyi…
वो बिछड़ के हमसे ये दूरियां कर गई,
न जाने क्यों ये मोहब्बत अधूरी कर गई,
अब हमे तन्हाइयां चुभती है तो क्या हुआ,
कम से कम उसकी सारी तमन्नाएं तो पूरी हो गई..
गिरा तो फ़िर कभी,उठा ना मिला
बंदों का हुज़ूम था,खुदा ना मिला
ज़िस्म ना मिले,तो क्या हुआ यार
वो दिल से कभी, जुदा ना मिला
परिंदों के जैसा था, इश्क़ उसका
कोई वादा, कोई वास्ता ना मिला
ऐसे हुआ दिल पर,कब्ज़ा उसका
धड़कनों को भी, रास्ता ना मिला
उसके शाहपरस्त भी हैं,बादशाह
कोई भी पत्थर,तरास्ता ना मिला