Skip to content

Kabhi teji rakhu || hindi shayari

कभी तेजी रखू, सफर में कभी मैं, ढलने लगता हूं..
कभी ठहर जाऊ, एक जगह कभी बस, चलने लगता हूं..
मंजिल का अता और पता नहीं, फासला सफर का जरा बढ़ गया..
सोच कर कमाई बस, सफर की हथेलियों को, मालने लगता हूं..

Title: Kabhi teji rakhu || hindi shayari

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


Jungle human || वन्य जीव संरक्षण पर कविता

मूक प्राणियों पर हमको तो,

तरस बहुत ही आता है।

इनकी देख दुर्दशा अपना,

सीना फटता जाता है।।

वन्य जीव जितने भी हैं,

सबका अस्तित्व बचाना है,

जंगल के जीवों के ऊपर,

दया हमें दिखलाना है।

वृक्ष अमूल्य धरोहर हैं,

इनकी रक्षा करना होगा।

जीवन जीने की खातिर,

वन को जीवित रखना होगा।

तनिक-क्षणिक लालच को,

अपने मन से दूर भगाना है।

धरती का सौन्दर्य धरा पर,

हमको वापिस लाना है।।

Title: Jungle human || वन्य जीव संरक्षण पर कविता


Hai ishq to asar bhi hoga || Two Line Love Shayari

है इश्क तो फिर असर भी होगा,

जितना है इधर उधर भी होगा ।

मिल नहीं पाता तो क्या हुआ,

मोहब्बत तो तुमसे फिर भी बेहिसाब करता हूं ।

Title: Hai ishq to asar bhi hoga || Two Line Love Shayari