Zaroori nahi pyaar kol reh ke hi hunda hai
kai vaar door reh ke v rishte rooh to nibhaye jande ne
ਜਰੂਰੀ ਨਹੀਂ ਪਿਆਰ ਕੋਲ ਰਹਿ ਕੇ ਹੀ ਹੁੰਦਾ ਹੈ
ਕਯੀ ਵਾਰ ਦੂਰ ਰਹਿ ਕੇ ਵੀ ਰਿਸ਼ਤੇ ਰੂਹ ਤੋਂ ਨਿਭਾਏ ਜਾਂਦੇ ਨੇ🔐
harman
Zaroori nahi pyaar kol reh ke hi hunda hai
kai vaar door reh ke v rishte rooh to nibhaye jande ne
ਜਰੂਰੀ ਨਹੀਂ ਪਿਆਰ ਕੋਲ ਰਹਿ ਕੇ ਹੀ ਹੁੰਦਾ ਹੈ
ਕਯੀ ਵਾਰ ਦੂਰ ਰਹਿ ਕੇ ਵੀ ਰਿਸ਼ਤੇ ਰੂਹ ਤੋਂ ਨਿਭਾਏ ਜਾਂਦੇ ਨੇ🔐
harman
Laga Kar Aag Seeney Mein Chale Ho Tum Kahan
Abhi To Raakh Udne Do Tamasha Aur Bhi Hoga!
इरादे उम्मीदों के,सख़्त लगते हो
तुम मुझे मेरा,बुरा वक्त लगते हो
होठों पर नज़र,नहीं जाती है क्या
माथा चूम कर,क्यू गले लगते हो
यार लहज़ा ऐसा, क्यूं है तुम्हारा
देखने में,इंसान तो भले लगते हो
तुम्हे क्या पता,दिल कहतें हैं इसे
तुम जो खिलोने, बेचने लगते हो
सच्चा इश्क़ ही तो, मांगा है मैंने
हर बार ये क्या, सोचने लगते हो
उदास हो कर कहते हैं,अलविदा
जब तुम ये,घड़ी देखने लगते हो
के कुछ पहेलियां भी,समझा करो
तुम मतलब,क्यों पूछने लगते हो
कोई ख्याल बचा कर,रखो भैरव
तुम तो बस,कलम ढूढने लगते हो