जो ज़ख्म देता है मरहम उसी का काम है
लोग कितना ही मरहम क्यों न लगा दे कम ही लगता है
Enjoy Every Movement of life!
जो ज़ख्म देता है मरहम उसी का काम है
लोग कितना ही मरहम क्यों न लगा दे कम ही लगता है
तेरे बिन हम जीए भी क्या जीए
तू मिल न जाती अगर प्यार सच्चा होता
अब शक है अपनी मोहाबत पे हमे
बिछड़ते ही मर जाते हो अच्छा होता💔
