Enjoy Every Movement of life!
Maut to aani hi hai..
Phir beemari se hi sahi…
Fikar to honi hi hai..
Phir pareshaani hi sahi…🍁
मौत तो आनी ही है..
फिर बीमारी से ही सही…
फिक्र तो होनी ही है..
फिर परेशानी ही सही…🍁
कभी तेजी रखू, सफर में कभी मैं, ढलने लगता हूं..
कभी ठहर जाऊ, एक जगह कभी बस, चलने लगता हूं..
मंजिल का अता और पता नहीं, फासला सफर का जरा बढ़ गया..
सोच कर कमाई बस, सफर की हथेलियों को, मालने लगता हूं..
