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कहाँ कहाँ न गया ख़ुद को ढूँढता हुआ
कहाँ कहाँ न गया ख़ुद को ढूँढता हुआ
अफ़्लाक से आता है नालों का जवाब आख़िर
करते हैं ख़िताब आख़िर उठते हैं हिजाब आख़िर
करते हैं ख़िताब आख़िर उठते हैं हिजाब आख़िर
Enjoy Every Movement of life!
Yu mohabbat se na de meri mohabbat ka zawab
Ye saza sakht hai thodi si riyayat kar❣️
यूँ मोहोब्बत से न दे मेरी मोहोब्बत का जवाब
ये सज़ा सख्त है थोड़ी सी रियायत कर❣️
