Koi Ajeha sheesha v bna de rabba
jis vich
insaan da chehra na
usda kirdaar dise
ਕੋਈ ਅਜਿਹਾ ਸ਼ੀਸ਼ਾ ਵੀ ਬਣਾ ਦੇ ਰੱਬਾ
ਜਿਸ ਵਿੱਚ
ਇਨਸਾਨ ਦਾ ਚਹਿਰਾ ਨਾ
ਉਸਦਾ ਕਿਰਦਾਰ ਦਿਸੇ
Koi Ajeha sheesha v bna de rabba
jis vich
insaan da chehra na
usda kirdaar dise
ਕੋਈ ਅਜਿਹਾ ਸ਼ੀਸ਼ਾ ਵੀ ਬਣਾ ਦੇ ਰੱਬਾ
ਜਿਸ ਵਿੱਚ
ਇਨਸਾਨ ਦਾ ਚਹਿਰਾ ਨਾ
ਉਸਦਾ ਕਿਰਦਾਰ ਦਿਸੇ
दोस्त बन कर भी नहीं साथ निभाने वाला
वही अंदाज़ है ज़ालिम का ज़माने वाला
अब इसे लोग समझते हैं गिरफ्तार मेरा
सख्त नदीम है मुझे दाम में लाने वाला
क्या कहें कितने मरासिम थे हमारे इस से
वो जो इक शख्स है मुंह फेर के जाने वाला
मुन्तज़िर किस का हूँ टूटी हुई दहलीज़ पे मैं
कौन आएगा यहाँ कौन है आने वाला
मैंने देखा है बहारों में चमन को जलते
है कोई ख्वाब की ताबीर बताने वाला
