Mukaddar hamare bhi ba-kamaal hote
Koi humse hum jaisi mohobbat kar pata to..!!
मुकद्दर हमारे भी बा-कमाल होते
कोई हमसे हम जैसी मोहोब्बत कर पाता तो..!!
Mukaddar hamare bhi ba-kamaal hote
Koi humse hum jaisi mohobbat kar pata to..!!
मुकद्दर हमारे भी बा-कमाल होते
कोई हमसे हम जैसी मोहोब्बत कर पाता तो..!!
चल दिया तेरे साथ, मेरा तख्त ओ ताज छूट गया,
वो रात के इंतजार में थे, सूरज फिर ऊग गया,
दर्द देते है रास्ते भी, दिल न लगाना उनसे,
रोज़ अपना दुख पीते पीते ये गला सूख गया,
सांसे भी नम है,
प्यास बुझालो क्यू आंखो में समंदर छुपा बैठे हो,
तुम भी धड़कनों का जनाजा कांधे पर लिए बैठे हो...
pattharon se pyaar kiya naadaan the ham,
galatee huee kyoki insaan the ham,
aaj jinhen nazaren milaane mein takaleeph hotee hain,
kabhee usee shakhs kee jaan the ham…
पत्थरों से प्यार किया नादान थे हम,
गलती हुई क्योकि इंशान थे हम,
आज जिन्हें नज़रें मिलाने में तकलीफ होती हैं,
कभी उसी शख्स की जान थे हम…