Enjoy Every Movement of life!
तारीख हजार साल में बस इतनी सी बदली है,
तब दौर पत्थर का था अब लोग पत्थर के हैं।
तू तोड़ दे वो कसम जो तूने खाई है,
कभी कभी याद करने में क्या बुराई है,
तुझे याद किये बिना रहा भी तो नही जाता,
तूने दिल में जगह जो ऐसी बनाई है।
