याद
क्या है याद?
कुछ बातें
कुछ मुलाकातें
अलबम में रखी तस्वीरें
ज़हन में घूमती तकरीरें
बारिशों में प्यास
शाम करें उदास
नींद का ख़्वाब
या फिर मिलने की फ़रियाद
क्या है याद??
याद
क्या है याद?
कुछ बातें
कुछ मुलाकातें
अलबम में रखी तस्वीरें
ज़हन में घूमती तकरीरें
बारिशों में प्यास
शाम करें उदास
नींद का ख़्वाब
या फिर मिलने की फ़रियाद
क्या है याद??
Haye ohne khaure ki kita e
Gall gall utte hun sangiye..!!
Sanu nasha lagga sajjna da
Hun kitho ja ke khair mangiye..!!
ਹਾਏ ਉਹਨੇ ਖੌਰੇ ਕੀ ਕੀਤਾ ਏ
ਗੱਲ ਗੱਲ ਉੱਤੇ ਹੁਣ ਸੰਗੀਏ..!!
ਸਾਨੂੰ ਨਸ਼ਾ ਲੱਗਾ ਸੱਜਣਾ ਦਾ
ਹੁਣ ਕਿੱਥੋਂ ਜਾ ਕੇ ਖੈਰ ਮੰਗੀਏ..!!
कहते थे साथ ना छोड़ेंगे हम,
आज वो रिश्ते यूँ रुसवा हो गए |
मेरी होंठो पे हंसी देखेंगे हर दम,
कहने वाले आज बेगाने हो गए|
आँखों में खुशियों की चमक देने वाले,
आज उदासी का आलम दे गए |
छोटी – सी बात का तल्ख क्यूँ इतना,
प्यार के वादे का हर जुमला झूठे हो गए |
इश्क में जला करते थे जो दिन – रात,
अब वो परवाने नफ़रत में जल गए |
हो जाती सुलह माफ़ी दिल में रखने से,
वो तो अपनी जिद के पैमाने हो गए|
हार में ही होती है, मुहब्बत की जीत
जीतने की जुस्तजू में वो जुदा हो गए |
दिल धड़कता था जिसके लिए हर पल,
वो दिल अब खौफजदा हो गए|
पहुंच जाते थे मेरी खामोशी में जो मुझ तक,
वही आज लफ्जों में अलविदा कह गए||