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Manzil shayari || Kuch Rasta Likh Dega..

Kuch Rasta Likh Dega..

Kuch Main Likh Dunga…

Tum Likhte Jao Mushkil..

Main Manzil Likh Dunga….

Title: Manzil shayari || Kuch Rasta Likh Dega..

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


Tere liye || Hindi shayari

अपने जुल्फों के बादल से कभी दूर ना करना मुझे 
जान मेरे पास जीने की वजह पहले ही बोहोत कम है।
अपनी बाहों की गर्माहट में मुझे हमेशा छुपा के रखना,जमाने को जवाब दे सकू इसके लिए वक्त भी कम है।
याद है मेरे हाथ के कट जाने पर तुमने कैसे मुझे अपनी ओर खींचा था ,अपनी प्यार भरी आंसू से मेरे लहू को रोका था।
तुमने बोला था न की महादेव से जो मांगो वो मिल जायेगा,साथ चलना चाहो तो रास्ता मिल जायेगा,मैने तेरी खुशियां मांगी थी,जब मंदिर की परिक्रमा कर रहे थे तब मैने तेरा दुपट्टा थाम लिया था, उन फेरो के बहाने तुम्हे अपना मान लिया था।
हा माना की मैं लिखता हु कभी तेरी याद में कभी तेरी फरयाद में,पर सच तो ये है की तुझे खोने से बोहोत डरता हूं।
मैं मुंह मोड़ लेता हु जो ये कहते है की मोहोब्बत दर्द देती है,कसम से तेरी पायल की खनक के लिए ये दर्द भी झेल लेता हूं।
और क्या हुआ जो मुस्किले है हम दोनो को एक होने में 
तू इसी बात से डरती है न की रूखसती के वक्त कैसे संभलूंगा,तू चिंता न कर जन्नत में पहुंच कर तेरे लिया दुआ जरूर करूंगा।

Title: Tere liye || Hindi shayari


Vaar vaar fer tera || punjabi love shayari

ਵਾਰ ਵਾਰ ਫੇਰ ਤੇਰਾ ਹੀ ਖਿਆਲ ਆਇਆ।।

ਤੂੰ ਪੁੱਛਣ ਨਾ ਕਦੇ ਵੀ ਮੇਰਾ ਹਾਲ ਆਇਆ।।

ਕਿੱਥੇ ਹੋਈ ਗਲਤੀ,ਕਿਹੜੀ ਵਜ੍ਹਾ ਨਾਲ ਦੂਰ ਹੋਏ,,

ਜੀਹਦਾ ਨਾ ਜੁਵਾਬ ਕੋਈ, ਉਹੀ ਸਵਾਲ ਆਇਆ।।

ਚੁੱਪ ਚਾਪ ਜਿਹੀ ਹੈ,ਉੱਝ ਤਾਂ ਇਹ ਹਰਫ਼ਾਂ ਦੀ ਬੋਲੀ,,

ਦਿਲ ਦੇ ਵਿਹੜੇ ਹੀ ਯਾਰੋ ਇਹ ਭੁਚਾਲ ਆਇਆ।।

ਦਿਨ ਮਹੀਨੇ ਸਾਲ,ਲੱਗੇ ਬੀਤ ਗਈਆ ਸਦੀਆਂ,,

“ਹਰਸ”ਫਿਰ ਨਾ ਕਦਮ ਤੁਰ ਮੇਰੇ ਨਾਲ ਆਇ।। ਹਰਸ✍️

Title: Vaar vaar fer tera || punjabi love shayari