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Manzil shayari || Kuch Rasta Likh Dega..

Kuch Rasta Likh Dega..

Kuch Main Likh Dunga…

Tum Likhte Jao Mushkil..

Main Manzil Likh Dunga….

Title: Manzil shayari || Kuch Rasta Likh Dega..

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


मां || maa || hindi shayari

चलो किसी पुराने दौर की बात करते हैं,
कुछ अपनी सी और कुछ अपनों कि बात करते हैं…
बात उस वक्त की है जब मेरी मां मुझे दुलारा करती थी,
नज़रों से दुनिया की बचा कर मुझे संवारा करती थी,
गलती पर मेरी अकेले डांट कर पापा से छुपाया करती थी,
और पापा के मुझे डांटने पर पापा से बचाया करती थी…
मुझे कुछ होता तो वो भी कहाँ सोया करती थी,
देखा है मैंने,
वो रात भर बैठकर मेरे बाल संवारा करती थी,
घर से दूर आकर वो वक्त याद आता है,
दिन भर की थकान के बाद अब रात के खाने में, कहां मां के हाथ का स्वाद आता है,
मखमल की चादर भी अब नहीं रास आती है,
माँ की गोद में जब सिर हो उससे अच्छी नींद और कहाँ आती है…

Title: मां || maa || hindi shayari


SAANJH

Jive ambraan naal parinde di rehndi e saanjh aida e sade dil di tere naal sanjh

Jive ambraan naal parinde di rehndi e saanjh
aida e sade dil di tere naal sanjh