
Mast ehdiyan adawa..!!
Mast jehe vich ishq de tere
Ban masat mein jawa..!!

हर ख़ुशी में हर गम में आपका साथ हो
मेरे भाई तुम पापा के सर ताज हो
सभी बहनों की खुशियों का तुम ही एक राज हो
तुम ही तो रक्षाबन्धन (राखी) की लाज हो
वैसे तो पत्थर की तराह कठोर हो
लेकिन पर मुसीबत आने पर मोम की तरह पिघलते हो |
कैसे जाने बिन बताये मन की बात कैसे जान लेते हो
बहनों की परेशानीयों को अपनी मान लेते हो
हर ख़ुशी में हर गम में आपका साथ हो
मेरे भाई तुम पापा के सर ताज हो
“हंसी में छिपे खामोशियों को महसूस किया है I
मैखाने में बुजुर्गों को भी जवान होते देखा है I
हमने इन्शानो को जरुरत के बाद अनजान होते देखा है I
क्यों भूल जाते है इंसान अपनी अस्तित्व पैसा आते ही I
दुनियां ने बड़े – बड़े राज महराजा को फ़क़ीर होते देखा है I”