धड़कनों की सिफारिश पर हम चाय पर गए
वरना वो गुलाबी शाम हमसे कजा न होता
अब सामने ही बैठा है महबूब तो क्या बात करे हम
निगाहे बात कर लेता तो वो खफा न होता
Enjoy Every Movement of life!
धड़कनों की सिफारिश पर हम चाय पर गए
वरना वो गुलाबी शाम हमसे कजा न होता
अब सामने ही बैठा है महबूब तो क्या बात करे हम
निगाहे बात कर लेता तो वो खफा न होता
jaroorat si pyaar di
yaar guwaach ho gaye
labhde labhde dil da haani
asi apne aap ton guwaach gaye
ਜ਼ਰੂਰਤ ਸੀ ਪਿਆਰ ਦੀ
ਯਾਰ ਗੁਆਚ ਹੋ ਗਏ
ਲੱਭਦੇ ਲੱਭਦੇ ਦਿਲ ਦਾ ਹਾਣੀ
ਅਸੀਂ ਆਪਣੇ ਆਪ ਤੋਂ ਗੁਆਚ ਹੋ ਗਏ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ
“जो अपने गुस्से को अपनी ताकत बना सकते है, वो एक ना एक दिन जरूर सफल होते है।”