Meri kalam kare manmarziya
Ehne sitam ho jana e..!!
Kujh nwa likha dass ki tere lyi
Mera ishq purana e..!!
ਮੇਰੀ ਕਲਮ ਕਰੇ ਮਨਮਰਜ਼ੀਆਂ
ਇਹਨੇ ਸਿਤਮ ਹੋ ਜਾਣਾ ਏ..!!
ਕੁਝ ਨਵਾਂ ਲਿਖਾਂ ਦੱਸ ਕੀ ਤੇਰੇ ਲਈ
ਮੇਰਾ ਇਸ਼ਕ ਪੁਰਾਣਾ ਏ..!!
Meri kalam kare manmarziya
Ehne sitam ho jana e..!!
Kujh nwa likha dass ki tere lyi
Mera ishq purana e..!!
ਮੇਰੀ ਕਲਮ ਕਰੇ ਮਨਮਰਜ਼ੀਆਂ
ਇਹਨੇ ਸਿਤਮ ਹੋ ਜਾਣਾ ਏ..!!
ਕੁਝ ਨਵਾਂ ਲਿਖਾਂ ਦੱਸ ਕੀ ਤੇਰੇ ਲਈ
ਮੇਰਾ ਇਸ਼ਕ ਪੁਰਾਣਾ ਏ..!!
यह अधूरा इश्क कब पूरा होगा
होगा भी जा अधूरा रहेगा
ना तुम आए ना पैगाम आया
तुम्हरे पैगाम का कब तक
इंतजार रहेगा
कौन सी जगह है वोह
जहा पर वोह सो गया
ना जाने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया
हम गलियों मै देख आए
ना गलियों मै वोह मिला
हम बात उसकी कर रहे
हमें छोड़ कर जो गया
नाजने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया
हम पहचान बताते हैं उसकी
सफेद रंग और काले घने बाल है।
कहां रहते हैं वोह कोनसे गांव और शहर में
एकेले थे जा कोई नाल है।
काले रंग की पेंट और कमीज़ पहनते है।
एक हाथ मै डायरी और एक हाथ
मे कलम पकड़ कर रखते हैं।
उनकी चाहत सबसे ज्यादा डायरी से
और वोह डायरी को
सिने से जकड़ कर रखते है।
उनका नाम है हर्ष
जो शायरी करते थे
अब तो नाम उनका गुमनाम सा हो गया
ना जाने कौन सी वोह गालियां है
जिस शहर की गलियों में खो गया।