मेरी किस्मत के हीरों का तुम एक ताज
बन जाओ
कल की बात छोडो तुम मेरा आज बन
जाओ
मैं तो रोज करता हूं, मोहब्बत डूब कर
तुमसे
अब मेरी इक बात मानो बस, तुम मेरे
हमराज़ बन जाओ
मेरी किस्मत के हीरों का तुम एक ताज
बन जाओ
कल की बात छोडो तुम मेरा आज बन
जाओ
मैं तो रोज करता हूं, मोहब्बत डूब कर
तुमसे
अब मेरी इक बात मानो बस, तुम मेरे
हमराज़ बन जाओ

jism tan pehla hi mar gya c
jadon tu chhad k gai c
hun tan sirf dil vich dhadkan dhadkdi hai
te duji aakh vich vasi tasveer chamkdi hai
Jaane kaise wo pal itne ruhaaniyat bangaye
woh lamhe toh teri qurbat ke sabab bangaye
sambhalna mushkil sa raha tere jaane ke baad ,
hum toh mariz the teri mohabbat ke ab toh deewaane bangaye.
जाने कैसे वो पल इतने रुहानियत बनगए
वोह लम्हे तोह तेरी क़ुरबत के सबब बनगए
संभालना मुश्किल सा रहा तेरे जाने के बाद ,
हम तो मरीज़ थे तेरी मोहब्बत के अब तोह दीवाने बनगए.
-Ahiban