
Kol ho ke..na door
Asi milange zaroor..!!
Enjoy Every Movement of life!

Sahir ye kaisi duniya hai
Charo taraf haye tauba ka shor hai
Yaha muzrim ka ata pta nhi
Par badnaam koi aur hai..
“साहिर ये कैसी दुनिया है
चारों तरफ हाय तौबा का शोर हैं
यहां मुजरिम का अता पता नहीं
पर बदनाम कोई और है!!”
उसकी यादों में बसी मेरी जिंदगी,
उसकी ही यादों में दुनिया बदल जाती है!
दूर तो मुझसे बहुत है वो मगर
आज भी यादों में वो मुझसे मिलने आती है।