बिन मंजिल का मुसाफिर उसे दर ब_दर भटकना पड़ा
तपती सहराव में नंगे पांव चला ही चलना पड़ा
ता_उम्र उसने खुदा का शुक्र ही अदा किया उसने
मोहब्बत का मरीज__दुआ में मौत मांगा पड़ा
Enjoy Every Movement of life!
बिन मंजिल का मुसाफिर उसे दर ब_दर भटकना पड़ा
तपती सहराव में नंगे पांव चला ही चलना पड़ा
ता_उम्र उसने खुदा का शुक्र ही अदा किया उसने
मोहब्बत का मरीज__दुआ में मौत मांगा पड़ा

Insan badal janda e waqt de naal
Jazbaat badal jande ne waqt de naal
Chahat badal jandi e waqt de naal
Waqt badal janda e waqt de naal..!!
ਇਨਸਾਨ ਬਦਲ ਜਾਂਦਾ ਏ ਵਕਤ ਦੇ ਨਾਲ
ਜਜ਼ਬਾਤ ਬਦਲ ਜਾਂਦੇ ਨੇ ਵਕਤ ਦੇ ਨਾਲ
ਚਾਹਤ ਬਦਲ ਜਾਂਦੀ ਏ ਵਕਤ ਦੇ ਨਾਲ
ਵਕਤ ਬਦਲ ਜਾਂਦਾ ਏ ਵਕਤ ਦੇ ਨਾਲ..!!