के कलियों सी मुस्कुराती हो
फूलो सा शर्माती हो
और पता नही क्यों तू मुझे इस तरह देखकर
इस तरह फिसल जाती हो
Enjoy Every Movement of life!
के कलियों सी मुस्कुराती हो
फूलो सा शर्माती हो
और पता नही क्यों तू मुझे इस तरह देखकर
इस तरह फिसल जाती हो

kyu raatein guzarti nahi hai
kyu baatein sambhalti nahi hai
kyu aksar ye hota hai
ki tumhari yaadein zehen se utarti nahi hai ..❤️