ना मंजिल रही ना रास्ता रहा
ये कैसी उलझन में डाल दिया
ना मिल पा रहे है ना दूर जा रहे है
ये कैसे वहम में हमको डाल दिया
Enjoy Every Movement of life!
ना मंजिल रही ना रास्ता रहा
ये कैसी उलझन में डाल दिया
ना मिल पा रहे है ना दूर जा रहे है
ये कैसे वहम में हमको डाल दिया
Rahi hongi kuch kami unaki jindagi me ,
Yuhi koi mauth ko gale nahi lagata.
-By Abhishek kshirsagar

