Skip to content

Naa laike ki karna || punjabi shayari

naa laike v ki karna ohda
je yaad ch audi rauna hi hai
ki kariye maadha v kehke us nu
je intezaar ch aude sauna hi hai

ਨਾਂ ਲੈਕੇ ਵੀ ਕੀ ਕਰਨਾ ਓਹਦਾ
ਜੇ ਯਾਦ ਚ ਔਂਦੀ ਰੋਣਾ ਹੀ ਹੈ
ਕੀ ਕਰੀਏ ਮਾਡ਼ਾ ਵਿ ਕਹਿਕੇ ਉਸ ਨੂੰ
ਜੇ ਇੰਤਜ਼ਾਰ ਚ ਔਂਦੇ ਸੋਣਾ ਹੀ ਹੈ

—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷

Title: Naa laike ki karna || punjabi shayari

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


Mere dost || hindi poetry on dost

मैं ना जानू दोस्त तेरे दूर हो जाने के बाद,
यह जिंदगी कैसे जंग बन गई है।

मैं ना जानू दोस्त तेरे जाने के बाद,
यह गांव की गलियां कैसे सुनी हो गई है।

मैंने जानू दोस्त तेरे जाने के बाद,
वो खेल का मैदान अब सुना लगता है।

मैं ना जानू दोस्त तेरे जाने के बाद,
कैसे फूल जैसी जिंदगी पत्थर बन गई है।

खुद को मनाने की कोशिश करता हूं बहुत,
लेकिन क्या करूं दिल है कि मानता ही नहीं।

मैं ना जानू दोस्त तेरी दूर हो जाने के बाद,
मेरे चेहरे की हंसी कहां गुम हो गई।

मैं ना जानू दोस्त तेरे जाने के बाद,
बाजारों की रौनक भी फीकी लगती है।

तू कब आएगा मेरे भाई मेरे दोस्त,
तेरे को हर दिन गले लगाने का मन करता है।

Title: Mere dost || hindi poetry on dost


अगर दिल में धड़कनो की जगह…

Agr dil mein dhadkano ki jgah tum na hote

To tumari ksm hm aaj hm na hote