Pata ni dil te ki ki seh gya || Sad punjabi shayari was last modified: December 29th, 2019 by gagan gill
लम्बीया राता यार दा विछोड़ा
मुंडेर ते बैठा है
एक जंगली कबूतरा दा जोड़ा
कर रहा गुटरगूं, गुटरगूं
जाने तू की कर रहा
दूर चिनारा ते विखरी है चांदनी
ते वेढा सादा महक रहा
रात दी रानी गुनगुना रही
दिल उदास मेरा तू ना आया
चित तेनु उडीक रहा
झींगुर ने छेड़ दिति तान
हव्वा वी पत्त्या नु ताल दे रही है
सीने दी धड़कन वी वड रही सरपट
गूंजी पपीहे दी पीहू-पीहू
नाल मेरे दिल दी पुकार
पर तू ना आया चित तेनु उडीक रहा
आँखा ते स्याह आसमान भरके
पूरी रात तारयां दे जोड़े बनाए
कित्ते कोई तारा टूटयां
चंद कल्ला रह गया
जीवे मैं तेरे बिन अधूरा रह रही
ऐवी गम दी रात गुजर जानी है
याद तेरी नाल सदा रह जानी है
याद वी नही हुंडी ते की करदे
हर्ष किवे होक्के भरदे
फेर वी तेनु पौन नु मन्नत मंग रही
चित रह रह के आज वी तेनु उडीक रही
उसने मुझको खत लिखा था ,
खत में अपना मत लिखा था,
मैंने पूछा प्यार करेगी,
उसने केवल धत लिखा था,
जब मिलने की बात करी तो,
उत्तर में बस छत लिखा था,
बातों में उलझाव बहुत था,
नयनों में सहमत लिखा था।
Usne Mujhko khat likha tha,
Khat mein apna mat likha tha,
Meine pucha pyaar karegi,
Usne kebal dhat likha tha,
Jab milne ki baat kari toh ,
Usne kebal Chhat likha tha,
Baaton mein uljhaab bahut tha,
Nayano mein sehmat likha tha…