
Hath jakhmi kraa ke asin apne
kandeyaan lai ful sajaunde rahe
satt lagi si meri galti naal
si pathraan nu mom bnaunde rahe

Hath jakhmi kraa ke asin apne
kandeyaan lai ful sajaunde rahe
satt lagi si meri galti naal
si pathraan nu mom bnaunde rahe
कैसे बताऊं तुम्हे के कौन हो तुम…
हवाओं में फैली है जो खुशबू, उसकी सादगी तुम हो…
मेरी रूह को जो ठंडक दे, वो ताज़गी तुम हो…
सज़दा करू मैं किसका, मेरी दुआओं में तुम,
मेरी वफाओं में तुम, बरसती घटाओं में तुम,
बस तुम ही तुम… तुम हो मेरे आज में मेरे कल में भी तुम,
मेरे हर वक्त में तुम, बस तुम ही तुम…
कैसे बताऊं तुम्हे के कौन हो तुम…
ये धड़कने तुम्हारी है,
मेरे दिल की कीमत समझ लेना,
बिछ जाऊं तुम्हारे क़दमों में,
इसे मेरी मन्नत समझ लेना,
तस्वीर मैं भी हूं तुम्हारी,
मुझे अपनी सीरत समझ लेना…
मेरे साए में भी अब दिखते हो तुम,
कैसे बताऊं तुम्हे के कौन हो तुम…
Dil ton bhut kareeb ne ajj vi
Bas khafa jehe ne ik duje ton❤️..!!
ਦਿਲ ਤੋਂ ਬਹੁਤ ਕਰੀਬ ਨੇ ਅੱਜ ਵੀ
ਬਸ ਖਫ਼ਾ ਜਿਹੇ ਨੇ ਇੱਕ ਦੂਜੇ ਤੋਂ❤️..!!