सफर वही तक जहाँ तक तुम हो,
नज़र वही तक जहाँ तक तुम हो,
वैसे तो हज़ारों फूल खिलतें हैं गुलशन में मगर,
खुशबू वही तक जहाँ तक तुम हो।
सफर वही तक जहाँ तक तुम हो,
नज़र वही तक जहाँ तक तुम हो,
वैसे तो हज़ारों फूल खिलतें हैं गुलशन में मगर,
खुशबू वही तक जहाँ तक तुम हो।
ਨੁਮਾਇਸ਼ ਨਹੀਂ ਕਰਾਂਗੇ ਤੇਰੇ ਧੋਖੇ ਦੀ
ਰਾਜ਼ ਇਸ਼ਕ ਦਾ ਦਿਲ ਚ ਹੀ ਰਖਣਾ ਚਾਹੀਦਾ
ਇੱਕ ਗੱਲ ਸਿੱਖੀ ਜਿੰਦਗੀ ਤੋਂ
ਸ੍ਵਾਦ ਕਦੇ ਕੌੜਾ ਵੀ ਚੱਖਣਾ ਚਾਹੀਦਾ
Numaish nhai karage tere tokhe di
Raaj ishq da dil ch hi rakhna chahida
Ik gall sikhi jindagi toh
sawad Kade koda vi chakhna chahida
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ
हमने जो की थी मोहब्बत आज भी है
उनके ज़ुल्फ़ों की शाए की चाहत आज भी है
ये रात कटती है आज भी ख्याल में उनके
दीवानों सी वो मेरी हालत आज भी है
किसी औरकी तस्वीर को उठती नहीं
बेईमान आँखों में थोड़ी सी शराफ़त आज भी है
एक बार चाह कर चाहे दिल तोड़ दे वोह
दिल तोड़ के जाने की इज़ाज़त उसे आज भी है
हमने जो की थी मोहब्बत आज भी है
उनके ज़ुल्फ़ों की शाए की चाहत आज भी है