Skip to content

Tazudin Rehman

Kaise jee reha hu kisi k sahare

🙋🙋

Tk_13__ में बैठता नही हूं रात में बाहर,,

बरना ये आसमान ये हवा ये चांद सितारे,

टूटते तारे ,, मुझे नहीं लगते उस के सामने प्यारे

अब तुम क्या जानो में

केसे जी रहा हु और किस के सहारे,, 🙅🙅

  • 🎭🖇️🌍😊

Tazudin Rehman