میں نے اسے چھوڑ دینا مناسب سمجھا
جب دیکھا ہوتے ہوے شرک محبت میں
Enjoy Every Movement of life!
میں نے اسے چھوڑ دینا مناسب سمجھا
جب دیکھا ہوتے ہوے شرک محبت میں
kinaare par tairane vaalee laash ko dekhakar ye samajh aaya,
bojh shareer ka nahee saanson ka tha…
किनारे पर तैरने वाली लाश को देखकर ये समझ आया,
बोझ शरीर का नही साँसों का था…
तुम उचटती-सी एक नज़र डालो
जाम ख़ाली इसको भर डालो
दोस्ती का यही तक़ाज़ा है
अपना इल्ज़ाम मेरे सर डालो
फ़ैसला बाद में भी कर लेना
पहले हालात पर नज़र डालो
ज़िंदगी जब बहुत उदास लगे
कोई छोटा गुनाह कर डालो
मैं फ़क़ीरी में भी सिकंदर हूँ
मुझपे दौलत का मत असर डालो💯