Laga Kar Aag Seeney Mein Chale Ho Tum Kahan
Abhi To Raakh Udne Do Tamasha Aur Bhi Hoga!
Laga Kar Aag Seeney Mein Chale Ho Tum Kahan
Abhi To Raakh Udne Do Tamasha Aur Bhi Hoga!
हर दिन वही सूरज निकलता है,
हर रात वही चाँद भी चमकता है,
आसमान भी वही है और इंसान भी।
तो फिर हर दिन नया सा क्यों लगता है…
नई उम्मीद से जीने का हौसला कहाँ से मिलता है…
ये ख़ुदा, तेरी कुदरत का क्या कहें…
इंसान जितना भी पुराना हो,
ज़िंदगी का हर दिन एक नया सफ़र बन जाता है।
हर रात वही चाँद भी चमकता है,
आसमान भी वही है और इंसान भी।
तो फिर हर दिन नया सा क्यों लगता है…
नई उम्मीद से जीने का हौसला कहाँ से मिलता है…
ये ख़ुदा, तेरी कुदरत का क्या कहें…
इंसान जितना भी पुराना हो,
ज़िंदगी का हर दिन एक नया सफ़र बन जाता है।” target=”_blank” rel=”noopener noreferrer nofolllow external”>Translate Facebook Whatsapp
मेरी बेरंग दुनिया में फिए एक दफा तूने रंग भर दिये
अधूरे से वो प्यारे किस्से पूरे कर दिये ,
जिंदगी से मिले हर ज़ख़म को
तूने अपनी हंसी से भर दिये ।
मेरी दुआओं का काफिला चलता रहे साथ तेरे ,
ऊपरवाला तेरी जिंदगी खुसियों से भर दे
तेरे साथ ही तो चल रहा अब वजूद मेरा
दुआ है तेरी उम्र मुझसे भी लंबी कर दे।