
Na samjh aawe na saar aawe..!!
Kade rabb di trah tenu poojde haan
Kade bacheyan wang pyar aawe..!!

रोक ले जो हौसले मेरे, मेरी कोशिशें इतनी कम नहीं है, छोड़ दूं अपनी मंज़िल डर से तेरे, ए हवा तुझमें अभी इतना दम नहीं है, टकरा ले मुझसे गर हिम्मत है तो, मैं औरों सा नहीं, किसी से कम नहीं...
कुछ हसीन रास्तों पर,
जब हाथ पकड़ कर हम निकले थे,
तुम करीब होकर भी गुज़र गए,
मानों तड़पकर दम निकले थे,
अब क्या जिंदगी से गुज़ारिश करूं,
यादों में उसकी मय थोड़ी बाक़ी है,
कोई जहां शायद ऐसा भी होगा,
जहां वो वक्त अब भी बाक़ी है...
चल कर देखेंगे वहां एक रोज़ हम भी,
वो वही जिंदगी है, या साक़ी है,
देख ले साक़ी ज़रा फिर से मयखाने में,
सब ख़त्म हो गई या शराब थोड़ी बाक़ी है...