Na jaane raat bhar kyu jaagta hu,,
Teri Tasveere dekh tujhe yaad krta
or fir unhi se door bhaagta hu…😕
न जाने रात भर क्यों जागता हूँ
तेरी तस्वीर देख तुझे याद करता
और फिर उन्ही से दूर भागता हूँ…😕
Na jaane raat bhar kyu jaagta hu,,
Teri Tasveere dekh tujhe yaad krta
or fir unhi se door bhaagta hu…😕
न जाने रात भर क्यों जागता हूँ
तेरी तस्वीर देख तुझे याद करता
और फिर उन्ही से दूर भागता हूँ…😕
Hasde han par khush ni
Je dasde ni mtlab ey ni k sannu dukh ni
Sadde dil ch lakhan gam pye ne ohna nu kadan da koi zariya ni
Chjan asiyan bachiyan ni jo asi enna nu kaddan de lyi kriya ni
ईद के ख़ास मौक़े पर कोई ख़ुदाई से मिले,
दुश्मन – दुश्मन से मिले भाई – भाई से मिले
दुनियां वालों तुम्हें क्यों जलन होती है अग़र,
मुस्लिम सीख़ से मिले या सीख़ ईसाई से मिले
उस बंटवारे को अल्लाह भी क़बूल नहीं कर्ता,
जो हिस्सा इंसानों को ख़ून की लड़ाई से मिले
ग़ले ज़रूर मिलो मग़र ग़ला काटने के लिए नहीं,
क़ल को क्या पता किसका वक़्त जा बुराई से मिले
ये शायर तेरा आशिक़ है एक ही बात कहता है
हमसे जब भी जो भी मिले दिल की गहराई से मिले