Waqat badhi teji naal badal gya
par tu
waqat ton v tej nikleya
ਵਕਤ ਬੜੀ ਤੇਜ਼ੀ ਨਾਲ ਬਦਲ ਗਿਆ
ਪਰ ਤੂੰ
ਵਕਤ ਤੋਂ ਵੀ ਤੇਜ਼ ਨਿਕਲਿਆ
Waqat badhi teji naal badal gya
par tu
waqat ton v tej nikleya
ਵਕਤ ਬੜੀ ਤੇਜ਼ੀ ਨਾਲ ਬਦਲ ਗਿਆ
ਪਰ ਤੂੰ
ਵਕਤ ਤੋਂ ਵੀ ਤੇਜ਼ ਨਿਕਲਿਆ
Mana tumpr hamara ab koi iqtiyaar nhi,
Pr yeh b nhi ke tumse pyrr nhi,
Tumhe bhul jaaye mumkin toh nhi,
Pr tumhe paa le hum utne khushnaseeb bhi toh nhi🙂
एक रात जब दरवाजे पर दस्तक हुई, तो लगा कोई आया होगा..
आख़िर देर रात ये है कौन। कहीं कोई बुरी खबर तो ना लाया होगा..?
बिस्तर से उठा घबराहट के साथ, रात ताला भी तो लगाया होगा..
चाबी ना जाने कहां रख दी मैंने, ऐसा होगा, रात दिमाग में ना आया होगा..
चाबी लेकर दौड़ा दरवाजे की ओर, दरवाजा तो खोलू, शायद कोई घबराया होगा..
दरवाज़ा खोला कोई नहीं था, ये कोई मज़ाक का वक़्त है, जो दरवाज़ा खटखटाया
होगा..
ना जाने कौन था ये, जो इतनी रात गऐ मेरे दर पे आया होगा..?
पूरी रात निकल गई सोचने में, ये मेरा वहम था, या सच में कोई आया होगा..