हो विष्णु तुम धरा के,
हल सुदर्शन तुम्हारा !!
बिना शेष-शैया के ही,
होता दर्शन तुम्हारा !!
पत्थर को पूजने वाले,
क्या समझेंगे मोल तेरा !!
माँ भारती के ज्येष्ठ सुत,
तुमको नमन हमारा !!!
तरुण चौधरी
Enjoy Every Movement of life!
हो विष्णु तुम धरा के,
हल सुदर्शन तुम्हारा !!
बिना शेष-शैया के ही,
होता दर्शन तुम्हारा !!
पत्थर को पूजने वाले,
क्या समझेंगे मोल तेरा !!
माँ भारती के ज्येष्ठ सुत,
तुमको नमन हमारा !!!
तरुण चौधरी
Vakt or jindgi ka gjb khel h ,,
Jb jindgii thi, tb kuch krne ko vakt nhi Mila
Jb vakt Mila , to jindgi guzr gyi
वक्त और जिंदगी का गज़ब खेल है,,
जब जिंदगी थी , तब कुछ करने को वक्त नहीं मिला
जब वक्त मिला, तो जिंदगी गुज़र गई।।
ਵਕ਼ਤ ਬਦਲਾਂ ਸਭ ਬਦਲੇ ਬਦਲ ਗਏ ਲ਼ੋਕ
ਪਹਿਲਾਂ ਹੀ ਟੁੱਟੇ ਹੋਏ ਸੀ
ਜੇ ਅੱਜ ਟੁੱਟ ਗਏ ਫੇਰ ਕਾਹਦਾ ਕਿਤਾ ਜਾਵੇ ਸ਼ੋਕ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷