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Umeed || Hindi shayari on zindagi

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Hindi shayari collection || Hindi thoughts

 
कुछ कुछ लोग हैं, जो किसी का सुख देख नहीं पाते।
वे बीमार हैं अंदर से और बोलते हैं जानवर की बातें।
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कुछ कुछ इंसान हैं, जो किसी का भला नहीं चाहता।
वे बुरा हैं अंदर से, इसलिए दूसरे का धिक्कार मिलता।
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ज़िंदगी में रुकना मना है।
अगर नहीं रुके तो सोचेंगे कैसे।
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अगर मैं रुक गया तो मेरा ज़िंदगी भी रुक जायेगा।
मुझे चलना है, अंदर से, बाहर से भी, तभी तो समय फैले गा।
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जब हाथ में कोई काम नहीं होता, दिमाग भी काम करना छोड़ देता।
जब हाथ में काम आ जाता है, दिमाग पकड़ लेता समय का दोस्ताना।
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काम करने वाले को अगर काम नहीं होता, तो वह पागल बन जाता।
अगर कोई काम चोर को ज्यादा काम मिला, तो वह गुनहगार बनता।
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समय को जो संभाल सकते है, वह ज़िंदगी में आगे बढ़ते।
समय दिल की धड़कन की तरह हमेशा जुड़े रहते है जीवन के साथ और उसे कभी छोड़ नहीं पाते।
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वह बिलकुल खत्म हो जाता, समय का बंधन से जो निकल नहीं पाता।
समय खुद चलता है, लेकिन दूसरे को कभी चलने नहीं देता।
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बचपन से अगर ग़लतियाँ सुधर नहीं जाते, तो वह एक अभ्यास बनता।
बेटा बेटी को पाता हैं कि वह सही, लेकिन माँ बाप दोषी बनता।
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जो ज्यादा बात करता है, बुरा बात करता है, उसके साथ मुँह मत लगाना।
वह बीमार है, अगर मुँह लगाया, तो खुद के पास खुद को खोना।
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उच्चारण मेरा दिल की धड़कन है।
मैं देशी हूँ या विदेशी, यह बात नहीं, सिर्फ मेरा भावना को वह साबित करता है।
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मेरा और आपका उच्चारण अलग है, क्योंकि हमारा देश अलग।
लेकिन हमारा धरती एक है, लाल खून हम सबके अंग।
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उच्चारण से इंसान पता चलता है, लेकिन इंसानियत कभी नहीं।
आधुनिक शिक्षित व्यक्ति जो दूसरे का उच्चारण का मज़ा लेते है, वह मूर्ख सही।
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उच्चारण और व्याकरण से डरने की कोई बात नहीं।
दिल की बात खुल के कहो, तुम अपने आप में हमेशा सही।
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ज्ञान कभी अज्ञानी को नहीं दिए जाते, ज्ञान सिर्फ बुद्धिमान के लिए है।
बेवकूफ़ के साथ मुँह मत लगाना, अपना सम्मान अपना हाथों में।
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जो ज्यादा बात नहीं करता है, वह शिक्षित है।
जो बातों बातों में बहस करता है, वह दुनिया के सबसे बड़ा गधा है।
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Title: Hindi shayari collection || Hindi thoughts


BJ ki Kalam se || shayari

Chup raho ab
Kuch na btao kisi ko.
Ro Chuke ho Akele me to ye ankhein na dikhao kisi ko.
Koi puche kya hua to kehna Sab thik hai?
Ab sath apne bithakar na sharab pilao kisi ko.

Title: BJ ki Kalam se || shayari