Skip to content

Uthe the hath jinke || hindi shayari

उठे थे हाथ जिनके,
उन्ही दुआओं का असर हूं,
चिराग़ सी हैं नज़रें मेरी
जैसे सुबह की पहली पहर हूं
धूल से ही तो नाता है मेरा
वहीं ठंडी हवाओं में बसर हूं
कलम से शायर कह दो
होंठों से कहर हूं,
ठहरा है दरिया जो किनारे में
वहीं बहता छोटा सा शहर हूं,
मानों तो प्यास मिले
ना मानों तो ज़हर हूं...

Title: Uthe the hath jinke || hindi shayari

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


इश्क करके दिखाया उसने

वो जानती थी फिर भी दीखाया उसने

हाथ उसका किसे और के हाथ में थमाया उसने

और हमने कहा था हमारे जितना नही कर पाओगी

हमसे ज्यादा किसे और से ईश्क करके दिखाया उसने

Title: इश्क करके दिखाया उसने


SAAHAN VICH

Ena saukha ni, bhula tainu saahan vich maddiyaa e me tainu

Ena saukha ni, bhula tainu
saahan vich maddiyaa e me tainu