Ye dil❤️ apna har farz ada karega Mukadma koi bhi ho vakalat tumari🫣 hi krega🫰
ये दिल❤️अपना😀 हर फर्ज़ अदा करेगा मुक्कदमा कोई भी हो वकालत तुम्हारी 🫣 ही करेगा 🫰
Ye dil❤️ apna har farz ada karega Mukadma koi bhi ho vakalat tumari🫣 hi krega🫰
ये दिल❤️अपना😀 हर फर्ज़ अदा करेगा मुक्कदमा कोई भी हो वकालत तुम्हारी 🫣 ही करेगा 🫰
Dekha tujhe jab se maine….
Dil lgana chodh diya
sabse maine..
Jab Mohabbat kri thi tujhse maine…
Tb Ishq kiya tha khud se maine…
Soch maine tu yaad kregi mujhe…..
Tab dimag me dil ko smjhaya ye to barbaad kregi mujhe…… Ye to barbaad kregi mujhe
कितने गुज़र गए ज़माने यूँ ज़ख्म खाने में,
बडा वक़्त लगाते हो यार मरहम लगाने में.
दासबर्दार तेरे इश्क़ में आशनाई गवा बैठे,
बावर्णा दिल-खवा अपने भी थे ज़माने में.
जो क़ल्ब परोसता है ग़ज़लों में बेदिली से मुसाहिब,
मुझे भी तोह सुना कोनसा ग़म है तेरे अफ़साने में.
मेरा ग़म कौन जाने मैं पौधा ही जानू हिज्र-ए-गुल,
बीस दिन लगते है अशर कली को फूल बनाने में…