vo bhee jinda hai,
main bhee jinda hoon,
qatl sirph ishq ka hua hai.….
वो भी जिन्दा है, मैं भी जिन्दा हूँ,
क़त्ल सिर्फ इश्क़ का हुआ है.….
vo bhee jinda hai,
main bhee jinda hoon,
qatl sirph ishq ka hua hai.….
वो भी जिन्दा है, मैं भी जिन्दा हूँ,
क़त्ल सिर्फ इश्क़ का हुआ है.….
Tere wajood ki aahat mujhe Mehsoos hoti hai,
Kahin bhi rahoon teri Chhahat mujhe Mehsoos hoti hai,
Naa jane kese Rishta hai tere mere darmiyan,
Tu na dikhe toh Ghabrahat si Mehsoos hoti hai….💖
तेरे वजूद की आहट मुझे महसूस होती है,
कहीं भी रहूं तेरी चाहत मुझे महसूस होती है,
ना जाने कैसा रिश्ता है तेरे मेरे दरमियां,
तू ना दिखे तो घबराहट सी महसूस होती है..💖
रूप था उसका बहुत विशाल, राक्षस था वो बहुत भारी..
नाम था दशानन उसका, बुद्धि न जिसकी किसी से हारी..
हर कोई डरता था उससे, हो देव, दैत्य, चाहे नर-नारी..
प्रकोप था जिसका लोकों में, धरती कांपती थी सारी..
देखके ताकत को उसकी, भागे खड़े पैर बड़े बाल-धारी..
विशाल साम्राज्य पर उसके, भारी पड़ गई बस एक नारी..
घमंड को उसके चूर कर दिया, कहा समझ ना तू निर्बल नारी..
विधवंश का तेरे समय आ गया, ले आ गयी देख तेरी बारी..
लंका में बचेगा ना जीव कोई, मति जो गई तेरी मारी..
आराध्य से मेरे दूर कर दिया, भुगतेगी तेरी पीढी सारी..
रघुनंदन आए कर सागर पार, आए संग वानर गदा धारी..
एक-एक कर सबको मोक्ष दिया, सियाराम चरण लागी दुनिया सारी..