Woh khamosh kush is tarah kadar hai
jaise koi intkaam le reha hai
वो खामोश कुछ इस कदर है
जैसे कोई इंतकाम ले रहा हो।।
~रूचिता सिन्हा
Woh khamosh kush is tarah kadar hai
jaise koi intkaam le reha hai
वो खामोश कुछ इस कदर है
जैसे कोई इंतकाम ले रहा हो।।
~रूचिता सिन्हा
प्रेम होना चाहिए सहज, सरल
जो आपको खुद के साथ
बहाव ले जाऐ…कहीं दूर बहुत दूर
जहाँ जरूरतों का जिक्र ही ना हो
सब कुछ एक एहसास में दफ़न हो जाए
प्रेम में कोशिश होनी चाहिए तो बस
कभी वो रूठ जाए तो उसे मनाने की कोशिश…
कभी वो उदास हो तो उसे हंसाने की कोशिश…
प्रेम से बिगड़ी बात बनाने की कोशिश..
वो बेवजह तेरी चुप्पी जानने की कोशिश….
तेरा हाथ थाम कर मुश्किल राहों मैं तुझे समझाने की कोशिश….
इतना प्रेम करने के बाद भी तुझे न पाने की कोशिश….
तुम्हारा मेरे साथ रहना जरुरी नहीं है मेरे लिए तुम्हारा खुश और आज़ाद रहना जरुरी है ❤️🍂

Chhadta asin hanjhuaan de har marrna hun
chhadta ohdi deed lai bahane gharrna hun
patan kade pichha nai karde langhe paaniyaa da
chhadta ese lai ohde rawaan ch kharrna hun