ज़िंदगी को तन्हा वीरानों में रहने दो,
ये वफ़ा की बातें ख्यालो में रहने दो,
हक़ीक़त में आजमाने से टूट जाते हैं दिल अकसर,
ये इश्क़, दोस्ती और मोहब्बत किताबों में रहने दो…💯✨️
ज़िंदगी को तन्हा वीरानों में रहने दो,
ये वफ़ा की बातें ख्यालो में रहने दो,
हक़ीक़त में आजमाने से टूट जाते हैं दिल अकसर,
ये इश्क़, दोस्ती और मोहब्बत किताबों में रहने दो…💯✨️
सौ ख्वाबों को मिला के एक ख्वाब देख रखा है ,
ज़िंदगी ने जाने फिर भी क्या हिसाब रखा है ,
तू मशरुफ़ है तेरी अहमत में,
और मैंने तेरे इंतज़ार को संभाल रखा है ।
माना दर्द की सौगात लाता है इश्क़ जाना ,
फिर भी मैंने अपनी मुलाकातों का गुलाब रखा है ,
तेरे साथ ही तो चल रहा है वजूद मेरा ,
तेरी यादों का मैंने एक तकियाँ भिगो रखा है ।
तेरा यू इंतज़ार करवाना ,मेरे दिल को खा जाता है ,
फिर भी तुझसे मिलने का अरमान सजा रखा है ,
कभी आओ खुल के सामने जो मेरे तुम तो दिखाऊ ,
टूटे दिल मे भी तेरे लिए एक महल सजा रखा है ।
………….अजय कुमार ।
Jo akhiyan di tangh ch rehndi e
Nahi bhulde Surat pyari nu..!!
Je tu mil jawe sajjna ve
Mein bhulja duniya sari nu..!!
ਜੋ ਅੱਖੀਆਂ ਦੀ ਤਾਂਘ ‘ਚ ਰਹਿੰਦੀ ਏ
ਨਹੀਂ ਭੁੱਲਦੇ ਸੂਰਤ ਪਿਆਰੀ ਨੂੰ..!!
ਜੇ ਤੂੰ ਮਿਲ ਜਾਵੇਂ ਸੱਜਣਾ ਵੇ
ਮੈਂ ਭੁੱਲਜਾ ਦੁਨੀਆ ਸਾਰੀ ਨੂੰ..!!