कभी ना कभी होगा ही
प्यार सही धोखा ही
मुड़ के देखेगी वो
इन्कार या तेरे प्यार का झोंका ही।
कभी ना कभी होगा ही
प्यार सही धोखा ही
मुड़ के देखेगी वो
इन्कार या तेरे प्यार का झोंका ही।
Hua Savera Toh Hum Unke Naam Tak Bhool Gaye,
Jo Bujh Gaye Raat Mein Charagon Ki Lau Barhate Huye.
हुआ सवेरा तो हम उनके नाम तक भूल गए
जो बुझ गए रात में चरागों की लौ बढ़ाते हुए।
है वो मेरी मोहब्बत की रूह, इसलिए पास मेरे वो रहती है..
मुझे पागल समझेगी ये दुनिया, तभी वो कुछ ना कहती है..
सुबह उठे साथ में वो मेरे, शाम आंखों के साथ वो ढलती है..
वो जी ना सकी जो साथ मेरे, तो मरके साथ में चलती है..
राहें तो बदल गयीं उसकी मगर, राहौं से मुडी वो रहती है..
मेरी रूह से जुडना है हक उसका, तभी साथ जुडी वो रहती है..
हर खुशी बांटती है मेरी, हर गम मेरे संग सहती है..
मुझे वो लगती है अपनी, और मुझे वो अपना कहती है….