ख़ामोश रहता हूं, जीने की कोई आस नहीं मिलती... पहले बात कुछ और थी, अब वो सुकून की सांस नहीं मिलती... मिलती थी पहले हर छोटी छोटी बातों पर, ढेर सारी खुशियां... अब इन अदाकार चेहरों में मुस्कुराहट भी, कुछ ख़ास नहीं मिलती....
Enjoy Every Movement of life!
ख़ामोश रहता हूं, जीने की कोई आस नहीं मिलती... पहले बात कुछ और थी, अब वो सुकून की सांस नहीं मिलती... मिलती थी पहले हर छोटी छोटी बातों पर, ढेर सारी खुशियां... अब इन अदाकार चेहरों में मुस्कुराहट भी, कुछ ख़ास नहीं मिलती....
The desert knows me well, the night and the mounted men, the battle and the sword, the paper and the pen.
Lakh chaheya ke tainu yaad na karaa
par iraada apni jagah te bewasi apni jagah
ਲੱਖ ਚਾਹਿਆ ਕਿ ਤੈਨੂੰ ਯਾਦ ਨਾ ਕਰਾਂ
ਪਰ ਇਰਾਦਾ ਆਪਣੀ ਜਗ੍ਹਾ ਤੇ ਬੇਵਸੀ ਆਪਣੀ ਜਗ੍ਹਾ