उसकी जुल्फों से छाँव हुई, दिल धूप में बड़ा बेचैन सा था..
ठोकर लगी फिर भी नहीं हटी नजर, वो जादू उसके नैन का था..
उसके हुस्न में डूब के हम, कुछ इस कदर उसके हो गए..
आज सोचता हूं सिर पीट के मैं, जीवन कितना सुख-चैन सा था..
उसकी जुल्फों से छाँव हुई, दिल धूप में बड़ा बेचैन सा था..
ठोकर लगी फिर भी नहीं हटी नजर, वो जादू उसके नैन का था..
उसके हुस्न में डूब के हम, कुछ इस कदर उसके हो गए..
आज सोचता हूं सिर पीट के मैं, जीवन कितना सुख-चैन सा था..
Teri ankhon ka zikar jo mein, apne dil se na karta
Aaj bhi khush hi hota, mein jeene se na darta
Vese to gam zindagi mein, aur bhi likhe hain meri
Kishte kayi aur bhi hai, tere pyar ki udhaari ka vyaj to na bharta…
तेरी आँखों का जिक्र जो मैं, अपने दिल से ना करता..
आज भी खुश ही होता, मैं जीने से ना डरता..
वैसे तो गम जिंदगी में, और भी लिखे हैं मेरी..
किश्तें कई और भी हैं, तेरे प्यार की उधारी का व्याज तो न भरता….
ਗਲ ਦਿਲ ਤੇ ਲੱਗੀ ਏ
ਦੁਖ ਏਹੋ ਮਾਰਦਾ ਨੀ
Gal dil te lagi e
dukh eho marda ni