Sog bhare mausm nu samet
Baddal ban ke shaa jawi..!!
Ujdi sukki dil di zamin te
Sawan ban ke aa jawi..!!
ਸੋਗ ਭਰੇ ਮੌਸਮ ਨੂੰ ਸਮੇਟ
ਬੱਦਲ ਬਣ ਕੇ ਛਾ ਜਾਵੀਂ..!!
ਉੱਜੜੀ ਸੁੱਕੀ ਦਿਲ ਦੀ ਜ਼ਮੀਨ ਤੇ
ਸਾਵਣ ਬਣ ਕੇ ਆ ਜਾਵੀਂ..!!
Sog bhare mausm nu samet
Baddal ban ke shaa jawi..!!
Ujdi sukki dil di zamin te
Sawan ban ke aa jawi..!!
ਸੋਗ ਭਰੇ ਮੌਸਮ ਨੂੰ ਸਮੇਟ
ਬੱਦਲ ਬਣ ਕੇ ਛਾ ਜਾਵੀਂ..!!
ਉੱਜੜੀ ਸੁੱਕੀ ਦਿਲ ਦੀ ਜ਼ਮੀਨ ਤੇ
ਸਾਵਣ ਬਣ ਕੇ ਆ ਜਾਵੀਂ..!!

किसी न किसी पे किसी को ऐतबार हो जाता है ,
अजनबी कोई शख्स यार हो जाता है ,
खूबियों से नहीं होती मोहब्बत सदा ,
खामियों से भी अक्सर प्यार हो जाता है 🥀
किन लफ़्ज़ों में इतनी कड़वी कसैली बात लिखूं ,
मैं सच लिखूं के अपने हालत लिखूं ,
कैसे लिखूं मैं चांदनी रातें ,
जब गरम हो रेत तो कैसे मैं बरसात लिखूं .✨
सभी नग्मे साज़ में गाये नहीं जाते ,
सभी लोग महफ़िल में बुलाये नहीं जाते ,
कुछ पास रह कर भी याद नहीं आते ,
कुछ दूर रह कर भी भूलाये नहीं जाते!❤️